उत्तराखंड: कांग्रेस की अंदरूनी खींचतान आई सामने, दिल्ली बुलावे के बीच हरीश रावत का ऐलान—’अब रुकना नहीं है’
उत्तराखंड विधानसभा चुनाव अगले साल होने हैं और कांग्रेस में अंदरूनी खींचतान और कलह खुलकर सामने आ गई है। उत्तराखंड के पूर्व सीएम और कांग्रेस के वरिष्ठ नेता हरीश रावत ने हाईकमान की फटकार के बावजूद अपना रोड शो जारी रखने का ऐलान किया है। अपने सोशल मीडिया हैंडल पर आगे की प्लानिंग का भी खुलासा कर दिया। बता दें कि कांग्रेस ने हरीश रावत से कहा था कि वह प्रदेश में अपनी ‘यात्रा’ आगे नहीं बढ़ाएं क्योंकि कोई भी समानांतर कार्यक्रम पार्टी के हित में नहीं होगा। साथ ही रावत को दिल्ली तलब भी किया गया था।
दरअसल, कांग्रेस पार्टी महासचिव और उत्तराखंड प्रभारी कुमारी सैलजा ने बीते एक अक्टूबर को रावत को पत्र लिखकर उनके कुछ हालिया बयानों को लेकर भी नाराजगी जताई थी और कहा कि विधानसभा चुनाव से कुछ महीने पहले पार्टी का एकजुट होकर काम करना जरूरी है। उत्तराखंड में अगले साल फरवरी-मार्च में विधानसभा चुनाव संभावित है।
हरीश रावत ने रोड शो रोकने से मना किया
कांग्रेस हाईकमान की फटकार और रोड शो रोकने के आदेश के बावजूद हरीश रावत अपना कार्यक्रम जारी रखेंगे। उन्होंने अपने सोशल मीडिया हैंडल पर इस बात की जानकारी दी। रावत ने अपनी पोस्ट में लिखा, “साथियों, चुनौती बड़ी है। लेकिन उत्तराखंड के स्वाभिमान के लिए हमारा संकल्प भी दृढ़ है! ‘धन्यवाद एवं जनसंवाद यात्रा’ के इस दौर में अब रुकना नहीं है। उठो, चलो… राज्य में बदलाव लाना है और कांग्रेस को वापस लाना है! जसपुर से हल्द्वानी तक, आइए आज साथ मिलते हैं, संवाद करते हैं और देवभूमि के हक की लड़ाई को आगे बढ़ाते हैं। ”
कुमारी सैलजा का पत्र वायरल हुआ था
सैलजा ने पत्र में कहा कि उन्हें जानकारी मिली है कि रावत राज्य में ‘यात्रा’ निकाल रहे हैं, लेकिन इस संबंध में न तो उनसे और न ही प्रदेश कांग्रेस कमेटी (पीसीसी) के अध्यक्ष से कोई चर्चा की गई है। उन्होंने कहा कि मीडिया में रावत के हालिया कुछ बयानों को लेकर भी खबरें आई हैं। सैलजा का कहना है कि राज्य में अगले कुछ महीनों में चुनाव होने हैं और ऐसे समय में पार्टी को एकजुट होकर काम करने की जरूरत है।
उन्होंने पत्र में रावत से कहा, ”आप भी समझेंगे कि इस समय ऐसा कोई समानांतर कार्यक्रम पार्टी के हित में नहीं होगा।” सैलजा ने रावत से इन कार्यक्रमों को आगे नहीं बढ़ाने का अनुरोध किया है।











